Haryana News: मादक पदार्थ तस्करी के मामलों पर सख्ती दिखाते हुए Panipat District and Sessions Court ने एक अहम फैसला सुनाया है। अदालत ने गांजा तस्करी के एक मामले में दोषी पाए गए बिजेंद्र उर्फ बिंदर को 20 साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। इसके साथ ही उस पर 2 लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है।
यह फैसला शनिवार को Yogesh Chaudhary की अदालत ने सुनाया। कोर्ट ने साफ किया कि अपराध की गंभीरता को देखते हुए नरमी की कोई गुंजाइश नहीं है।
गश्त के दौरान पकड़ा गया था आरोपी
यह मामला 1 नवंबर 2020 का है, जब थाना बापोली पुलिस टीम शाहपुर मालपुर और बोहली बस स्टैंड के पास गश्त कर रही थी। इसी दौरान पुलिस ने संदेह के आधार पर जोरासी खालसा (समालखा) निवासी बिजेंद्र उर्फ बिंदर को रोका और तलाशी ली।
तलाशी के दौरान उसके पास मौजूद प्लास्टिक के कट्टे से 20 किलो 500 ग्राम गांजा बरामद हुआ। पुलिस ने मौके पर ही आरोपी को हिरासत में लेकर एनडीपीएस एक्ट की धाराओं के तहत मामला दर्ज किया और उसे जेल भेज दिया।
अदालत में पेश हुए पुख्ता सबूत
मामले की सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष ने अदालत में ठोस सबूत और गवाह पेश किए। अदालत ने पाया कि बरामद गांजा व्यवसायिक मात्रा की श्रेणी में आता है, जिसे कानून में गंभीर अपराध माना गया है।
सभी तथ्यों और साक्ष्यों के आधार पर अदालत ने बिजेंद्र को दोषी करार दिया और उसे 20 साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई। साथ ही 2 लाख रुपये जुर्माने का आदेश दिया गया। कोर्ट ने यह भी स्पष्ट किया कि यदि दोषी जुर्माना अदा नहीं करता है, तो उसे अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।
सह-आरोपी अब भी फरार
इस मामले में एक अन्य आरोपी दलबीर, निवासी पसीना खुर्द, भी शामिल था। अदालत ने उसे 6 दिसंबर 2025 को उद्घोषित अपराधी घोषित कर दिया था। पुलिस का कहना है कि उसकी तलाश लगातार जारी है और गिरफ्तारी के बाद उसके खिलाफ अलग से कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
