चंडीगढ़: वैश्विक औद्योगिक मानचित्र पर अपनी अलग पहचान बना रहा हरियाणा अब यूरोपीय तकनीक और नवाचार की नई राह पर निकल पड़ा है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के नेतृत्व में स्वीडन पहुंचे उच्चस्तरीय प्रतिनिधिमंडल ने राज्य के आर्थिक भविष्य को नई दिशा देने वाले समझौतों पर मुहर लगाई है। इस ऐतिहासिक दौरे के दौरान हरियाणा सरकार और स्वीडिश उद्योग जगत के बीच कुल 4,000 करोड़ रुपये के लेटर ऑफ इंटेंट (LoI) हस्तांतरित किए गए।
इस यात्रा की सबसे खास बात यह रही कि यह सिर्फ कागजी समझौतों तक सीमित नहीं है बल्कि इससे सीधे तौर पर प्रदेश के युवाओं के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर के रोजगार और शहरों के आधुनिक मेकओवर का खाका तैयार हुआ है। इस मौके पर हरियाणा के शहरी स्थानीय निकाय मंत्री विपुल गोयल भी सीएम के साथ मौजूद रहे।
गुरुग्राम बनेगा दूसरा 'स्टॉकहोम': स्मार्ट अर्बनाइजेशन का नया मॉडल
भारतीय आईटी और कॉर्पोरेट हब के रूप में पहचाने जाने वाले गुरुग्राम शहर की सूरत अब यूरोपीय तर्ज पर बदलने वाली है। दौरे के दौरान गुरुग्राम और स्वीडन की राजधानी स्टॉकहोम के बीच 'सिटी-टू-सिटी कोलैबोरेशन' की एक ऐतिहासिक डील हुई।
इस साझेदारी के तहत दोनों शहर मिलकर काम करेंगे:
- स्मार्ट सिटी सॉल्यूशंस: ट्रैफिक मैनेजमेंट, वेस्ट प्रोसेसिंग और आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर।
- टेक्निकल इनोवेशन: टेक्नोलॉजी का एक-दूसरे के साथ आदान-प्रदान।
- सस्टेनेबल अर्बन डेवलपमेंट: पर्यावरण-अनुकूल शहरी ढांचा और हरित ऊर्जा का प्रयोग।
इस दीर्घकालिक समझौते से गुरुग्राम को न केवल वैश्विक पहचान मिलेगी बल्कि स्थानीय स्तर पर जीवन स्तर में भी बड़ा सुधार देखने को मिलेगा।
रिटेल, लॉजिस्टिक्स और आत्मनिर्भरता पर जोर
'सशक्त भारत-आत्मनिर्भर भारत' की सोच को आगे बढ़ाते हुए हरियाणा सरकार ने 3,000 करोड़ रुपये का मुख्य LoI साइन किया। इसके अलावा, तेजी से बढ़ते रिटेल और वेयरहाउसिंग सेक्टर को मजबूत करने के लिए 1,000 करोड़ रुपये के अतिरिक्त समझौतों पर सहमति बनी।
इस निवेश से हरियाणा में आधुनिक सप्लाई चेन, हाइटेक वेयरहाउसिंग हब और इंटरनेशनल रिटेल चेन का जाल बिछेगा। लॉजिस्टिक्स क्षेत्र में आने वाला यह नया फंड राज्य को उत्तर भारत का सबसे बड़ा लॉजिस्टिक्स केंद्र बनाने में मददगार साबित होगा।
'हरियाणवी युवाओं का ग्लोबल सपना होगा पूरा' - CM नायब सैनी
स्वीडिश कंपनियों ने हरियाणा के कुशल और तकनीकी युवाओं को अपने ग्लोबल नेटवर्क में रोजगार और हाई-लेवल ट्रेनिंग देने का आश्वासन दिया है। इससे प्रदेश के युवाओं को इंटरनेशनल लेवल पर अपनी प्रतिभा दिखाने का मौका मिलेगा।
"यह दौरा केवल निवेश लाने तक सीमित नहीं है, बल्कि यह हरियाणा की युवा शक्ति और औद्योगिक ऊर्जा को यूरोप के बेहतरीन नवाचार और तकनीक से जोड़ने का एक माध्यम है। स्वीडन का सतत विकास मॉडल और हमारी मजबूत अर्थव्यवस्था मिलकर राज्य को आत्मनिर्भर भारत की ओर तेजी से आगे ले जाएंगे।" - नायब सिंह सैनी, मुख्यमंत्री, हरियाणा
सरकार का इरादा स्पष्ट है कि इन सभी समझौतों को केवल कागजों पर न रखकर जल्द से जल्द धरातल पर उतारा जाएगा। इसके लिए सिंगल-विंडो क्लियरेंस से लेकर सभी जरूरी प्रशासनिक सुविधाएं निवेशकों को तुरंत उपलब्ध कराई जाएंगी।






